आँख में खटकना: Difference between revisions

भारत डिस्कवरी प्रस्तुति
Jump to navigation Jump to search
[unchecked revision][unchecked revision]
No edit summary
No edit summary
Line 6: Line 6:


'''प्रयोग'''-  
'''प्रयोग'''-  
#कुछ लोगों की आँखों  में यह रकम खटक गई। - ([[अजितसेन|अजित पुष्कल]])   
#कुछ लोगों की आँखों  में यह रकम खटक गई। - (अजित पुष्कल)   
#हम [[भाई]]-[[बहन]] अपनी सौतेली [[माँ]] और सगे [[पिता|बाप]] की [[आँख|आँखों]] में बराबर खतकते ही रहे।
#हम [[भाई]]-[[बहन]] अपनी सौतेली [[माँ]] और सगे बाप की [[आँख|आँखों]] में बराबर खतकते ही रहे।





Revision as of 11:50, 24 October 2015

आँख में खटकना एक प्रचलित लोकोक्ति अथवा हिन्दी मुहावरा है।

अर्थ-

  1. देखने में अत्यंत कष्टकर प्रतीत होना, चुभना।
  2. अप्रिय लगना, न सुहाना।

प्रयोग-

  1. कुछ लोगों की आँखों में यह रकम खटक गई। - (अजित पुष्कल)
  2. हम भाई-बहन अपनी सौतेली माँ और सगे बाप की आँखों में बराबर खतकते ही रहे।


टीका टिप्पणी और संदर्भ

संबंधित लेख

कहावत लोकोक्ति मुहावरे वर्णमाला क्रमानुसार खोजें

                              अं                                                                                              क्ष    त्र    श्र