"मधु (बहुविकल्पी)": अवतरणों में अंतर
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#[[मधु]]- फूलों के रस को मधु कहा जाता है। | #[[मधु]]- फूलों के रस को मधु कहा जाता है। | ||
#[[मधु कैटभ]] - मधु और कैटभ नामक दो असुरों की उत्पत्ति विष्णु के कानों की मैल से हुई थीं। | #[[मधु कैटभ]] - मधु और कैटभ नामक दो असुरों की उत्पत्ति विष्णु के कानों की मैल से हुई थीं। | ||
#[[मधु दैत्य]] - मधु शशविंदु के उपरांत यादवों का विख्यात राजा था। मधु बड़ा धार्मिक एवं न्यायप्रिय शासक था। | #[[मधु दैत्य]] - मधु शशविंदु के उपरांत यादवों का विख्यात राजा था। मधु बड़ा धार्मिक एवं न्यायप्रिय शासक था। | ||
#[[मधु (राजा)]] - यम की सभा के एक राजा थे। | |||
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05:00, 27 अप्रैल 2016 के समय का अवतरण
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- मधु- फूलों के रस को मधु कहा जाता है।
- मधु कैटभ - मधु और कैटभ नामक दो असुरों की उत्पत्ति विष्णु के कानों की मैल से हुई थीं।
- मधु दैत्य - मधु शशविंदु के उपरांत यादवों का विख्यात राजा था। मधु बड़ा धार्मिक एवं न्यायप्रिय शासक था।
- मधु (राजा) - यम की सभा के एक राजा थे।
- मधु (कृष्ण पुत्र) - भगवान श्रीकृष्ण के एक पुत्र का नाम था।