नंजनगुड: Difference between revisions
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Revision as of 09:39, 21 March 2011
- नंजनगूड प्राचीन तीर्थनगर कर्नाटक में कावेरी की सहायक काबिनी नदी के तट पर मैसूर से 26 किमी. दक्षिण में स्थित है।
- नंजनगूड को ननजनगढ़ के नाम से भी जाना जाता है।
- यह नगर 10वीं और 11वीं शताब्दी में गंग चोल वंश के समय से ही विख्यात रहा है।
- इस नगर में श्रीकांतेश्वर नंजुनदेश्वर (शिव) को समर्पित एक प्रसिद्ध मन्दिर है।
- सम्भवतः यह कर्नाटक का सबसे बड़ा मन्दिर है।
- द्रविड़ शैली में यहाँ उत्तुंग गोपुरम वाला यह मन्दिर 385x160 वर्गफीट क्षेत्रफल में फैला हुआ है और यह 147 स्तम्भों पर खड़ा है।
- यह समूचा नगर विभिन्न देवताओं के मन्दिरों से भरा हुआ है।
- मैसूर के वाडयार राजाओं और टीपू सुल्तान ने इन्हें स्वर्ण-आभूषण और दान स्वरूप भूमि देकर संरक्षण प्रदान किया।
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टीका टिप्पणी और संदर्भ